दिल्ली के हिंदी बीएफ

सकाळी किती वाजता उठावे

सकाळी किती वाजता उठावे, आआआ…. ह्ह्ह्ह्ह .....अरे ...दर्द हो रहा हे ....धीरे .....उह्ह्ह्ह्ह मम्मी .......अरे ....पापा ....आज मर जाउंगी ... भाभी ने मेरा अण्डरवियर उतारा और लण्ड को अपने हाथ में लेकर हिलाना शुरू किया। मुझे औरत के हाथ से मजा तो बहुत आ रहा था। पर भाभी को बोला- भाभी, बिल्कुल भी मजा नहीं आ रहा है। प्लीज इसे मुँह में लेकर चूसो ना...

Rajesh ko maine lora ke sare purane kisse sunaya tha, to ussi chakkar mai wo bahut exited tha, fillhal mai bhi, jaise hi lora kapde leke bathroom mai gayi, tabhi rajesh bol utha, Sala tune jitna kaha tha ye to usse bhi jyada maal hai, kya size hai iski, mera to lund khada hai. ये ख़ास तुम्हारे लिए है... बहुत उतावले लगते हो... बहुत सी चीज़ों को जल्द ही जान लेना चाहते हो... इतनी जल्दबाजी अच्छी बात नहीं ... उम्मीद है ..जो भेजा है उसे देख कर फड़फ़ड़ाना बंद कर दोगे ... | और अगर नहीं किये... तो अगली बार इससे भी ज़्यादा बहुत कुछ मिल सकता है तुम्हे..| आगे तुम्हारी मर्ज़ी...|’

एका एक आदम को जैसे अहसास हुआ कि उसने इतना कुछ कह दिया....तपोती उसे अपनी औरत कहने से जैसे एकपल को नज़रें इधर उधर करने लगी...एक पल को आदम जैसे होश में आया उसने धीरे से कहा आइ आम सॉरी.......फिर गाड़ी स्टार्ट की और आगे बढ़ा.... सकाळी किती वाजता उठावे मनीषा : (मुस्कुराती हुई) अरे मुम्मीजी! रिलैक्स!!!! अब वोह बेचारे मुझसे सम्भोग करके भी शकीला जैसी गरदायी जवानी की तस्वीरो पर मूठ मारते हैं! अरे उन्हें क्या पता के एक गदरायी औरत खुद उनके घर पर ही हैं! (फिर से कमर की चिकोटी लेती हैं)

चाइनीस सेक्सी वीडियो

  1. मैं कई बार अपनी जिव्हा को लकीर पर ऊपर से निचे और निचे से ऊपर फेरता हु और फिर अपनी जिव्हा दरार में घुसा देता हु और घुसाए हुए उसे फिर से ऊपर से निचे और निचे से ऊपर फेरने लगता हु .
  2. डिज़ाईनर पेंटी की जाली में से कुछ कुछ रेशमी बालों की झलक सी भी मिली जैसे वैक्स करवाए 15-20 दिन हो गए हों. ब्लू पिक्चर सेक्सी नया
  3. मीरा- हाँ... मुझे नींद सी आ रही है क्योंकी बस में मैं खड़े-खड़े आई हूँ और बहुत थक भी गई हैं। क्या मैं थोड़ी देर आराम कर लूं। अगर आपको बुरा ना लगे तो। आदम ने उन बालों को जैसे समेटते हुए माँ के माथे को चूमा.....बाहर चाँद जैसे अपना उजाला फ़ैक् रहा था....
  4. सकाळी किती वाजता उठावे...Anguthi pehnaane ka rasam ada kiya gaya aur ekaat cake khane aur khilane ki rasam aur pata nahin kia kia kiya gaya. Baap, aur gaon wale gaye podium par gift dene donon ladka aur ladki ko. Koyi cash dete envelope mein to koyi phool, to koyi packed dresses etc. समीर: मेडम चंचल मैंने कहा ना मुझे किसी से दोस्ती नही करनी। और जो मैं चाहता हूं वो आप नही कर सकती सो लीव इट। चलिए ये बताईये चाय लेंगी आप या कॉफी , ठंडा वगैरा।
  5. न! उसको तो आजतक कानोंकान भी खबर नहीं हुई कि कोई बर्बाद हुआ जा रहा है उसके पीछे. वसुन्धरा की आवाज़ में फिर दर्द छलक आया था. Anguthi pehnaane ka rasam ada kiya gaya aur ekaat cake khane aur khilane ki rasam aur pata nahin kia kia kiya gaya. Baap, aur gaon wale gaye podium par gift dene donon ladka aur ladki ko. Koyi cash dete envelope mein to koyi phool, to koyi packed dresses etc.

मियां खलीफा सेक्सी फिल्म

Sanjana hamesha ki tarah ek sexy dress mein thi jiss mein usski cleavage aur jaanghein dikh rahe the aur Anand ka khada ho gaya ussko dekhte hi. Barson se aadat to thi hi donon ko humbistar hone ki, to Anand ke liye yeh mamooli baat thi magar kia Sanjana bhi wohi chahti thi uss waqt?

कुछ कुछ नर्म, कुछ कुछ कठोर … मैंने अपने दोनों हाथों से हल्का सा दबा कर दोनों निप्पलों की सख्ती को जांचा. आदम को तपोती की गरम साँसों के साथ साथ मुँह से शराब की गंध महसूस हुई...हो ना हो तपोती ये सब आधे होश में और आधे नशे में ही चूर हुई बिना झिझकते हुए कर रही थी....इतने में आदम ने तपोती को अपने सीने से लगा लिया और उसके कान को काटा...

सकाळी किती वाजता उठावे,अंजुम : जो भी हुआ उसके लिए तुम खुद को ज़िम्मेदार ना ठहराओ तपोती मैं तुमसे नाराज़ नही आदम लेकिन तुझे इतना गुस्सा होने को मैने मना किया था ना

Sanjana ne phir rukte hue kaha, haan tu to eisa keh raha hai ke mujhe sabhi kapde pehenne ka mauka mil jaega usske yahan pahunchne se pehle!!

बुद्धु....ऐसे आंसू बार बार बहाने के लिए कोई भी लड़की खुद को सौभाग्यशाली महसुस करती है. मैं आज इतने दिन बाद खुद को एक सौभाग्यषाली मेहसुस कर रही हुं...क्यों की.....एक्स एक्स एक्स सेक्स कॉम

वसुन्धरा ने एक तिरछी नज़र से अपने पापा की ओर देख कर … जोकि गैरेज में कार पार्क कर रहे थे अभी … अपनी पेशानी पर सिलवट डाल कर मेरी तरफ़ फ़र्ज़ी गुस्से से आँख तरेरी और अपने हाथ मेरे हाथों से छुड़वा लिए. आदम : तुम्हारी फेव पेस्ट्री लाउ क्या? वहीं स्ट्रॉबेरी आंड वेनिला वाली (मैने नज़ाकत से पूछा वो हमेशा ऑफीस से पहले चटोरी लड़की की तरह कुछ ना कुछ ज़रूर फरमाइश करती थी मुझे)

जब चावला साहिब गाओं के उस हिस्से में गये तो आनंद से मिले और आनंद ने उनको घर आने की दावत दी. एक 4बाई4 में चावला साहिब गये थे उधर. वैसे तो ड्राइवर है उनका मगर कभी कभी खुद भी ड्राइव करते हैं और लोंग ड्राइव बहुत पसंद था चावला साहिब और दोनों बेटों को भी.

तभी पीछे से बाथरूम का डोर अनलॉक करके खोलने की आवाज़ आई. मैं पीछे मुडा तो देखा की माँ बाथरूम डोर को थोड़ा खोलकर मेरे ही तरफ देख रही है.,सकाळी किती वाजता उठावे क्यों फूलनदेवी जी, मैंने कहा था ना कि तू खुद आयेगी मेरे घर और कहेगी कि प्लीज़ मुझे चोदो। कहाँ गई तेरी अकड़?

News